नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में आयोजित विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग (VBYLD) 2026 का दूसरा संस्करण राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर भव्य समापन के साथ समाप्त हुआ। इस अवसर पर नरेन्द्र मोदी ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि नए विचारों, ऊर्जा और उद्देश्य के साथ युवा शक्ति राष्ट्र निर्माण में सबसे आगे है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि जब उन्होंने पहली बार मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी, तब आज के कई युवा पैदा भी नहीं हुए थे और 2014 में प्रधानमंत्री बनने के समय वे बच्चे थे, लेकिन इसके बावजूद युवाओं की क्षमता पर उनका भरोसा कभी कम नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि 2047 तक का कालखंड भारत और उसके युवाओं के लिए निर्णायक है और विकसित भारत के लक्ष्य की बागडोर अब अमृत पीढ़ी के हाथों में है।
स्वामी विवेकानंद जयंती और राष्ट्रीय युवा दिवस का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि स्वामी विवेकानंद के विचार आज भी युवाओं को प्रेरित करते हैं। उन्होंने कहा कि विवेकानंद ने वैश्विक ज्ञान को अपनाने के साथ-साथ भारत की आत्मा और आत्मविश्वास को मजबूत करने का संदेश दिया, जो आज भी उतना ही प्रासंगिक है।
प्रधानमंत्री ने विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग को एक शक्तिशाली मंच बताते हुए कहा कि इससे युवाओं की नीति निर्माण में सीधी भागीदारी संभव हुई है। उन्होंने बताया कि इस पहल से 50 लाख से अधिक पंजीकरण हुए और 30 लाख से ज्यादा युवाओं ने विकसित भारत चैलेंज में हिस्सा लिया, जो अभूतपूर्व है। महिला नेतृत्व वाले विकास, लोकतंत्र में युवाओं की भागीदारी और नवाचार जैसे विषयों पर आए विचारों की प्रधानमंत्री ने विशेष सराहना की।
कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने 10 विषयों पर चयनित सर्वश्रेष्ठ निबंधों का संग्रह भी जारी किया। उन्होंने युवाओं से फिट रहने, खुश रहने और पूरे आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया। अपने संबोधन के अंत में उन्होंने राष्ट्रीय युवा दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उन्हें भारत के युवाओं की काबिलियत और ऊर्जा पर पूरा भरोसा है।